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कपकोट-सौंग मोटर मार्ग की हालत ख़राब होने से ग्रामीणों का आक्रोश बढ़ा

कपकोट-सौंग मोटर मार्ग की हालत खस्ता हो गई है। बारिश के बाद जगह-जगह गड्ढ़े बन गए हैं और लोग जान हथेली पर रखकर यात्रा करने को मजबूर हैं। क्षेत्र के ग्राम प्रधानों ने मरम्मत नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। पिडर घाटी को जोड़ने वाले मार्ग की स्थिति काफी खराब हो गई है। दुलम, सलिग, सुमगढ़, सुडिग, रिखाड़ी, सूपी, लाहूर, बाछम, मिकिला खलपट्टा, खलझूनी, झूनी, कापड़ी कमेड़ा आदि गांवों को जोड़ने वाले मार्ग की हालत खराब होने से लोगों में भारी आक्रोश है।

ग्राम प्रधानों ने कहा कि मार्ग की मरम्मत नहीं की जा रही है। जबकि यह विश्व प्रसिद्ध ग्लेशियर को जोड़ने वाला एकमात्र मार्ग है। सालभर में पिडारी, कफनी और सुंदरढूंगा ग्लेशियर की यात्रा में सैकड़ों पर्यटक आते हैं। लेकिन इस बीच कोरोना वायरस संक्रमण के चलते पर्यटक नहीं हैं। मार्ग की हालत जर्जर होने से उन्हें भी परेशानी हो रही है और क्षेत्र की करीब 15 हजार जनता की रोजमर्रा जिदगी भी प्रभावित हो गई है। इस दौरान प्रधान कुंदन सिंह, नरेंद्र सिंह, तारा सिंह, जगत सिंह, दुर्गा सिंह, डिगर राम, मंगल रावत, शेर सिंह, चामू सिंह आदि मौजूद थे। उधर, लोनिवि के ईई संजय पांडे ने कहा कि मार्ग की मरम्मत का प्रस्ताव भेजा जाएगा।

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