देश/प्रदेश

ग्रामीणों ने सुपाणा पुल के ऊपर नहीं बिछने दी पाइप लाइन

श्रीनगर गढ़वाल:सांकरों सहित चौरास क्षेत्र के ग्रामीणों के विरोध के चलते सुपाणा मोटर पुल के ऊपर से पाइप लाइन बिछाने का कार्य गुरुवार को भी नहीं हुआ। मौके पर पहुंचे एसडीएम कीर्तिनगर रजा अब्बास ने प्रदर्शनकारी ग्रामीणों से वार्ता की।

पेयजल निगम देवप्रयाग के अधिशासी अभियंता से भी उन्होंने मौके पर जानकारियां लीं। उन्होंने ने पेयजल निगम के अभियंताओं के साथ जनप्रतिनिधियों को शुक्रवार को कीर्तिनगर तहसील में वार्ता के लिए बुलाया है।

 

श्रीनगर के लिए जलविद्युत परियोजना के डिसेल्टिग टैंक से श्रीनगर के लिए पेयजल की आपूर्ति के लिए लगभग 700 एमएम वाली पाइप लाइन बिछायी जा रही है। सांकरों से क्षेत्र पंचायत सदस्य डॉ. प्रताप भंडारी के नेतृत्व में ग्रामीणों ने सुपाणा मोटर पुल पर बिछाश्ी जा रही बड़ी पाइप लाइन को बिछने नहीं दिया।

डा. प्रताप भंडारी ने एसडीएम से वार्ता में कहा कि चौरास क्षेत्र से बड़े वाहनों के आने जाने के लिए यही एकमात्र पुल है। पुल की भार वहन क्षमता भी इतनी नहीं है। कहा कि पाइप लाइन ले जाने के लिए डिसेल्टिग टैंक से पाइप को परियोजना के डेम से ऊपर होते हुए ले जाया जा सकता है। सुपाणा मोटर पुल के समानांतर इस बड़ी पाइप लाइन को ले जाने के लिए अन्य व्यवस्था भी की जा सकती है।

सुपाणा की प्रधान प्रतीक्षा स्नेही ने कहा कि पुल के ऊपर से बड़ी पाइप लाइन जनहित में नहीं ले जाने दी जाएगी। इस दौरान महिला मंगल दल सुपाणा की अध्यक्ष राजेश्वरी देवी, प्रदीप रावत, नवीन पुंडीर, सोबन पंवार, पूर्व प्रधान प्रमोद पंवार, गुगली सुरासू के राकेश शर्मा आदि मौजूद रहे।

सुपाणा मोटर पुल की भार क्षमता बढ़ाने के संदर्भ को लेकर जिलाधिकारी टिहरी को पत्र लिखकर अवगत कराया जा रहा है। जिससे जिलाधिकारी के माध्यम से शासन से संबंधित प्रस्ताव को स्वीकृत कराया जा सके।

 

–रजा अब्बास, उपजिलाधिकारी कीर्तिनगर पुल की कुल भार वाहन क्षमता 65 टन

 

चौरास क्षेत्र से बड़े वाहनों के आने जाने को लेकर सुपाणा पुल ही एकमात्र माध्यम है। इस मोटर पुल की कुल भार वाहन क्षमता 65 टन है। पुल पर पाइप लाइन बिछने पर पुल पर हर समय 40 टन भार रहेगा।

पाइप लाइन के बाद वाहनों के आवागमन के लिए लगभग चार मीटर चौड़ी ही जगह रह पाएगी। जिस पर पुल पर से बड़े वाहन नहीं गुजर पाएंगी। स्कूल बसों के अतिरिक्त डंपर, खनन सामग्री लाने ले जाने वाले डंपर और क्रेशर सामग्री लाने वाले डंपर भी इसी पुल से गुजरते हैं।

विशेष